प्रदीप कुमार गांगले
खरगोन । जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित, खरगोन ने वर्ष 2025-26 में सहकारिता के क्षेत्र में शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रदेश में नया कीर्तिमान स्थापित किया है। बैंक ने जमा राशि, लाभ, रबी उपार्जन, रासायनिक खाद वितरण तथा कृषि ऋण वसूली में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर प्रदेश के अग्रणी जिला सहकारी बैंकों में अपनी मजबूत पहचान बनाई है।बैंक की जमा राशि में गत वर्ष की तुलना में 259.28 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की गई। सकल लाभ बढ़कर 50.65 करोड़ रुपये तथा शुद्ध लाभ 17.58 करोड़ रुपये पहुंच गया। वहीं बैंक का एनपीए भी घटा है, जो मजबूत वित्तीय प्रबंधन का प्रमाण है।रबी विपणन वर्ष 2026-27 में खरगोन एवं बड़वानी जिले के 29 उपार्जन केंद्रों पर 13,193 किसानों से 7.77 लाख मीट्रिक टन गेहूं तथा 4,415 किसानों से 14,277.75 मीट्रिक टन चना का उपार्जन किया गया। किसानों को गेहूं का 20,410.68 करोड़ रुपये तथा चने का 83.88 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है।बैंक से संबद्ध 182 प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों के माध्यम से 3.03 लाख मीट्रिक टन रासायनिक खाद का भंडारण और 2.21 लाख मीट्रिक टन खाद का वितरण कर किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराया गया। ई-विकास पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन टोकन व्यवस्था लागू होने से खाद वितरण प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सुगम बनी है।कृषि ऋण वसूली में भी बैंक ने प्रदेश में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया है। वर्ष 2025-26 में 76.79 प्रतिशत ऋण वसूली दर्ज कर बैंक ने प्रदेश में सर्वाधिक वसूली करने वाले जिला सहकारी केंद्रीय बैंक का गौरव हासिल किया।मुख्य कार्यपालन अधिकारी संध्या रोकड़े ने बताया कि बैंक किसानों को त्वरित, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निरंतर कार्यरत है। सहकारिता के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में बैंक भविष्य में भी इसी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करता रहेगा।



