प्रदीप कुमार गांगले
खरगोन। शहर के बजरंग नगर वार्ड क्रमांक 7 में लापरवाही की पराकाष्ठा देखने को मिल रही है। मुख्य मार्ग पर सीवर का चैंबर खुलेआम मुंह बाए खड़ा है, मानो किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहा हो। हैरानी की बात यह है कि इस रास्ते से रोजाना स्कूली वाहन, महिलाएं, बुजुर्ग और आम नागरिक गुजरते हैं, लेकिन नगर पालिका की आंखें अब तक नहीं खुली हैं।स्थानीय रहवासियों ने कई बार वार्ड पार्षद प्रतिनिधि को इस गंभीर समस्या से अवगत कराया, बावजूद इसके कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। यह स्थिति साफ दर्शाती है कि जनप्रतिनिधियों और जिम्मेदार अधिकारियों की संवेदनहीनता किस हद तक बढ़ चुकी है।नागरिकों का कहना है कि खुले चैंबर के कारण कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। बच्चों से भरे स्कूल वाहन या राह चलते किसी बुजुर्ग के साथ दुर्घटना हो जाए, इसकी पूरी आशंका बनी हुई है। लेकिन जिम्मेदारों को मानो किसी अनहोनी का इंतजार है।यह लचर और गैरजिम्मेदाराना व्यवस्था न केवल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करती है, बल्कि आम जनता की सुरक्षा के प्रति उनकी उदासीनता को भी उजागर करती है।अब सवाल यह उठता है कि क्या नगर पालिका किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगी? या फिर समय रहते इस गंभीर समस्या का समाधान कर नागरिकों को राहत देगी?जनता में आक्रोश बढ़ता जा रहा है, यदि जल्द ही कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी भी दी जा रही है।



